⚔️ एक ही सट्टा किंग, एक ही थाना… और दो-दो अड्डे!
कपिल नगर में सट्टे का साम्राज्य — पुलिस की नाक के नीचे खुला खेल!
क्राइम ऑपरेशन | 5 फरवरी 2026
• पेट्रोल पंप से मेट्रो स्टेशन तक सट्टे की सल्तनत
• लाखों–करोड़ों का अवैध कारोबार, पुलिस मौन
• संरक्षण किसका? वर्दी का या सिस्टम का?
नागपुर शहर एक बार फिर “सट्टा किंग” के नाम से चर्चित उसी व्यक्ति की वजह से सवालों के कटघरे में है —
जिसका नाम पहले 32 थाना क्षेत्रों में सट्टे की लगवाड़ी–खायवाली से जुड़ चुका है।
अब वही शख्स
एक ही पुलिस थाना क्षेत्र (कपिल नगर)मे दो अलग-अलग ठिकानों से खुलेआम सट्टा और जुआ अड्डा चला रहा है! और हैरानी की बात — पुलिस को सब पता है… फिर भी सब चुप है!
पहला अड्डा — पेट्रोल पंप के सामने, कानून पीछे!
कपिल नगर, इंडियन पेट्रोल पंप के सामने, नाले के पास —
लोहे की जाली से बने दो बड़े कमरे,मानो अवैध कारोबार का ऑफिस सेटअप है!
एक कमरे में-
प्रभात, डायमंड जैसे नामों पर
सुबह से रात तक सट्टे की लगवाड़ी और खायवाली
दूसरे कमरे में-
52 पत्तों पर जुआ (चेंगड)
रोज़ हजारों–लाखों की हार-जीत
❗ महाराष्ट्र में सट्टा प्रतिबंधित है,
फिर भी नागपुर में रोज़ लाखों-करोड़ों का खेल और पुलिस तमाशबीन!
दूसरा अड्डा — मेट्रो के साये में गैरकानूनी रास्ता
कामठी रोड, ऑटोमेटिक चौक से मेट्रो स्टेशन मार्ग —
☕ चाय टपरी के पीछे
संरक्षण दीवार तोड़कर बनाया गया गुप्त रास्ता
महीनों से चल रहा सट्टे का कारोबार भीड़ इतनी बेखौफ, मानो पुलिस नाम की चीज़ ही न हो!
विडियो सबूत मौजूद,
फिर भी कार्रवाई शून्य।
सट्टा लिखने के लिए लोगों को रोज़गार पर रखा गया “ओरिजनल चिट्टी” का इस्तेमाल हो रहा है,
रात 10 बजे तक लगता भीड़ का मेला स्थानीय नागरिक परेशान शिकायत करने से डर —क्योंकि रक्षक ही भक्षक बने बैठे हैं!
❗ सबसे चौंकाने वाला दावा
सट्टा संचालकों की जुबान से निकला दावा —
“हमें कपिल नगर पुलिस थाने से अनुमति है!”
यही वजह बताई जा रही है कि
एक ही व्यक्ति, दो जगह,
बेखौफ सट्टा चला रहा है!
❓ क्या ऑपरेशन थंडर से ज्यादा अहम यह अवैध धंधा हो गया है?
पुरानी घटना, नया सवाल
इसी थाना क्षेत्र में पहले अरविंद यादव को भी जुआ अड्डा चलाने दिया गया ,बाद में गोंदड़ हुआ — बंदूक तक निकल आई! तब जाकर क्राइम ब्रांच यूनिट-5 हरकत में आई जुआ अड्डा बंद हुआ
❓ सवाल वही —
अगर पुलिस की अनुमति नहीं थी, तो अड्डा चला कैसे? अपराधी अंदर घुसे कैसे?
❓ तीखे सवाल — जिनका जवाब चाहिए!
• क्या कपिल नगर पुलिस को इन अड्डों की जानकारी नहीं?
• अगर जानकारी है, तो कार्रवाई क्यों नहीं?
• क्या “सट्टा किंग” को पुलिस संरक्षण प्राप्त है?
• क्या नागपुर पुलिस व्यवस्था मूकबधिर हो चुकी है?
ऑपरेशन थंडर पर बड़ा सवाल
पुलिस आयुक्त रवींद्र कुमार सिंगल के मार्गदर्शन में
“ऑपरेशन थंडर” की गूंज जरूर है —लेकिन
➡️ ज़मीन पर अवैध कारोबार जस-का-तस!
पत्रकार सवाल करें तो
जवाब देने की बजाय
गुस्सा, धमकी और चुप्पी!
❗ क्या यही है कानून का राज?
क्राइम ऑपरेशन न्यूज़ की दो टूक मांग
• इन दोनों अड्डों पर तत्काल कार्रवाई
• संरक्षण देने वालों की जांच
• सट्टा किंग पर कठोर धाराएँ
• और अगर हिम्मत है तो — मकोका!
राज्य के मुख्यमंत्री ने
➡️ अवैध धंधों पर मकोका लगाने के आदेश दिए थे
लेकिन
❓ ज़मीन पर अमल कब होगा?
⚠️ अब गेंद पुलिस आयुक्त के पाले में है
क्या वर्दी कानून के साथ खड़ी होगी
या
सट्टा किंग के साथ?
नागपुर देख रहा है…
और क्राइम ऑपरेशन पूछ रहा है!
